युवक की हत्या के मामले में दो साल बाद कोर्ट ने सुनाया फैसला, 12 दोषियों को मिली आजीवन कारावास की सजा

3 Min Read

कोरबा/सीजी एनएन 24 न्यूज:  कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत सीतामणी गोकुलगंज में 25 अगस्त 2022 की रात नशे में धुत्त 40-50 की संख्या में पहुंचे। नाबालिगों और युवकों ने दहशतगर्दी मचाई। इन्होंने पुरानी रंजिश पर उत्पात मचाते हुए बिना किसी रंजिश के निर्दोष कृष्ण यादव की हत्या कर दी थी। वारदात में शामिल सभी 12 आरोपियों को फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। सुनवाई के दौरान बस्तीवासी न्यायालय परिसर में मौजूद थे। 

यह घटना 25 अगस्त 2022 की आधी रात हुई थी। पुरानी रंजिश को लेकर रात करीब 10 बजे मोतीसागर पारा निवासी राहुल, चीकी पांडे, अनिकेत, पिंटू, राकेश नशे में चूर होकर अपने 40 से अधिक बदमाश गोकुलगंज में दुर्गा मंदिर के पास रहने वाले कृष्णा यादव के घर पहुंचे थे। सभी के पास लाठी, डंडे, रॉड, तलवार, कुल्हाड़ी जैसे हथियार थे। ये लोग घर के मुख्य दरवाजा को तोड़कर अंदर घुस आए और तीन बाइकों में व घर में लगे शीट में जमकर उत्पात मचाते हुए तोड़फोड़ शुरू कर दी। आंगन में बंधे गाय, भैंस पर भी अपना गुस्सा उतार रहे थे। ये लोग घर से बाहर निकलने के लिए जोर-जोर से चिल्ला रहे थे। इस बीच कृष्णा यादव अपनी ड्यूटी से वापस घर लौटा था जिसे दरवाजे पर ही बदमाशों ने हथियारों से हत्या कर दी, बीच बचाओ करने आए उसके छोटे भाई पर भी हमला कर दिया जिसे गंभीर चोटें आई थीं।

मृतक कृष्णा यादव

न्यायाधीश ने कहा…
अपर सत्र न्यायाधीश (फ़ास्ट ट्रेक) श्रीमती ज्योति अग्रवाल ने कहा कि अभियुक्तगण के द्वारा बलवा एवं हत्या जैसा जघन्य अपराध कारित किया गया है। सभी अभियुक्तगण सामान्य उद्देश्य के अग्रसरण में घटना स्थल पर उपस्थित थे। नितेश यादव से लड़ाई- झगड़ा मारपीट के पश्चात भी वे घटना स्थल से नहीं गये और क्षति करने के उद्देश्य से घटना स्थल पर ही उपस्थित रहे। मृतक कृष्णा यादव से आरोपीगण की कोई पूर्व रंजिश न होते हुये भी विधि विरुद्ध जमाव का गठन कर सामान्य उद्देश्य बनाकर घातक आयुधों से सुसज्जित हुये और निर्दोष व्यक्ति की हत्या करने का जघन्य अपराध किया। आरोपीगण का कृत्य क्षम्य योग्य प्रतीत नहीं होता है। अतः अभियुक्त भुनेश्वर साहू उर्फ चिकी पाण्डेय, राहुल बेलदार, शनि यादव, संदीप यादव, जयराम सोनी उर्फ दाउ, गौतम गोड, संजू यादव, राजेन्द्र गोड, शरद बराई उर्फ चिन्ना मद्रासी, राकेश गोड, अनिकेत राजपूत उर्फ बाबू, उपदेश साहू उर्फ उदेश, ओम कुमार सारथी उर्फ भक्का, पिंटू गोड को अलग-अलग धाराओं में सजा और अर्थदण्ड से दंडित करते हुए आजीवन कारावास से दंडित किया है। मम्मले में अतिरिक्त लोक अभियोजक रामकुमार मौर्य ने मजबूत पैरवी की।

Share This Article