कोरबा/सीजी एनएन 24 न्यूज: कोरबा जिले के कोरबा वन मंडल क्षेत्र में हाथी-मानव संघर्ष का एक और दुखद मामला सामने आया है। गुरुवार सुबह ग्राम पीडिया और तुर्कीटरा के बीच स्थित जंगल में दंतैल हाथी के हमले से 55 वर्षीय जहाज़ सिंह राठिया की मौत हो गई। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है, वहीं ग्रामीणों ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई है।
जानकारी के अनुसार ग्राम पीडिया निवासी जहाज़ सिंह राठिया रोजमर्रा की तरह सुबह जंगल में पुटु और महुआ एकत्र करने गए थे। इसी दौरान उनका सामना एक दंतैल हाथी से हो गया। अचानक हुए हमले में उन्हें संभलने या सुरक्षित स्थान पर भागने का मौका नहीं मिला और हाथी ने उन्हें कुचल दिया। घटनास्थल पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और वन विभाग को जानकारी दी। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया तथा आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी।
घटना के बाद ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से हाथियों का लगातार मूवमेंट बना हुआ है, इसके बावजूद न तो समय पर अलर्ट जारी किया जाता है और न ही हाथियों को आबादी से दूर रखने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाते हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी वजह से हर वर्ष फसल, संपत्ति और मानव जीवन का नुकसान हो रहा है।
ग्रामीणों ने मृतक के परिजनों को शीघ्र शासन द्वारा निर्धारित मुआवजा देने, हाथियों की निगरानी बढ़ाने, संवेदनशील इलाकों में नियमित गश्त करने तथा गांवों के आसपास स्थायी सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की है।
इधर, वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है। नियमानुसार मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी और क्षेत्र में हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है।
