कोरबा/सीजी एनएन 24 न्यूज: छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से मजदूरी के लिए कर्नाटक गए पांच मजदूरों में से दो मजदूर मेंगलुरु में लापता हो गए हैं। इनमें से एक मजदूर का शव बरामद हुआ है, जिसकी पहचान रविदास के रूप में की जा रही है। हालांकि पुलिस ने अंतिम पुष्टि के लिए डीएनए जांच की बात कही है।
जानकारी के अनुसार कोरबा जिले के बांकी मोंगरा थाना क्षेत्र के देवरी ग्राम पंचायत की तेंदूकोन्हा बस्ती के रहने वाले भंवर साय, रविदास, खमन दास, अजय यादव और ईश्वर सिंह 11 फरवरी को मजदूरी करने के लिए मेंगलुरु गए थे। मजदूरों को ले जाने की व्यवस्था झारखंड के एजेंट गोविंद ने की थी।
मजदूरों के साथ गए खमन दास और अजय यादव ने बताया कि मेंगलुरु पहुंचने के बाद वे सभी स्टेशन के बाहर चाय पीने गए थे। इसी दौरान रविदास अचानक लापता हो गया। कुछ देर बाद भंवर साय भी वहां से गायब हो गया।
मेंगलुरु पुलिस ने एक अज्ञात शव बरामद किया है, जिसे रविदास का बताया जा रहा है। हालांकि शव की अंतिम पहचान के लिए डीएनए टेस्ट कराया जाएगा।
घटना के बाद मजदूरों के परिजनों ने पुलिस से मामले की गहन जांच की मांग की है। उन्होंने मजदूरों को काम दिलाने वाले एजेंट गोविंद की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं और उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
रविदास के परिजन और उनके साथ गए तीनों युवक रविवार को दोबारा मेंगलुरु जाएंगे। वहां वे पुलिस थाने में अपने बयान दर्ज कराएंगे।
इस घटना के बाद कोरबा क्षेत्र में चिंता का माहौल है। स्थानीय लोग लापता युवकों की सुरक्षित वापसी की उम्मीद कर रहे हैं और पुलिस से मामले का जल्द खुलासा करने की मांग कर रहे हैं।
