राठौर क्षत्रिय समाज में ऐतिहासिक सहमति: प्रादेशिक अधिवेशन में निर्विरोध नेतृत्व की तैयारी

By Atul Yadav - Editor
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कोरबा/सीजी एनएन 24 न्यूज:  राठौर क्षत्रिय समाज इस वर्ष अपने प्रादेशिक चुनाव अधिवेशन को एकता, सम्मान और अनुशासन की मिसाल बनाकर प्रस्तुत कर रहा है। समाज ने ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए तय किया है कि किसी भी पद पर अनावश्यक चुनावी मुकाबला नहीं होगा। सभी पदों पर सर्वसम्मति से नेतृत्व चुने जाने का संदेश पूरे प्रदेश में सकारात्मक वातावरण बना रहा है।

नामांकन प्रक्रिया शांत, अनुशासित और उत्साहपूर्ण
12 दिसंबर को जांजगीर स्थित राठौर भवन में नामांकन प्रक्रिया पूरी गरिमा और सौहार्द के साथ संपन्न हुई।

अध्यक्ष पद – पवन राठौर, महामंत्री पद – राजेंद्र राठौर, कोषाध्यक्ष पद – ओंकार राठौर, इन तीनों प्रत्याशियों ने समाज की दिशा, पारदर्शिता और भविष्य की योजनाओं को लेकर अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। कार्यक्रम में प्रदेशभर से पहुंचे वरिष्ठ सदस्यों और समाजजनों ने एकजुट समर्थन दिया।

पवन राठौर को सर्वाधिक समर्थन, निर्विरोध नेतृत्व तय
सादगी, सहज व्यवहार और समाजसेवा के कारण पवन राठौर को बिलासपुर सहित पूरे प्रदेश से जबरदस्त समर्थन मिल रहा है। माना जा रहा है कि इस वर्ष समाज निर्विरोध नेतृत्व की ऐतिहासिक पहल करेगा, जो समाज में अनुशासन और परंपरा को नई मजबूती देगा।

14 दिसंबर का अधिवेशन — केवल चुनाव नहीं, एकता का पर्व
नवनिर्मित राष्ट्रवीर दुर्गादास राठौर चौक ऑडिटोरियम में होने वाला अधिवेशन समाज की सामूहिक शक्ति, युवाओं के सशक्तिकरण, शिक्षा, संगठन विस्तार और सामाजिक विकास पर केंद्रित होगा। सर्वसम्मति से नेतृत्व चयन की परंपरा समाज के भीतर विश्वास और सम्मान को और गहरा करेगी।

निर्विरोध निर्वाचन के लिए जुटे समाजजन
निर्विरोध चुनाव सुनिश्चित करने में प्रमुख भूमिका निभाने वाली टीम—सुधीर राठौर, लक्ष्मी प्रसाद राठौर (रायपुर), मनोज राठौर (रायगढ़), मुकेश राठौर और नरेंद्र बलिराम राठौर (कोरबा), प्रशांत सिंह राठौर (बिलासपुर) सहित कई पदाधिकारियों के प्रयासों से पूरे प्रदेश में उत्साह का माहौल है।

राठौर समाज का यह प्रादेशिक अधिवेशन इस बार सिर्फ नेतृत्व चयन नहीं, बल्कि समाज की एकजुटता और अनुशासन का अभूतपूर्व प्रमाण बनने जा रहा है।

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