कोरबा/सीजी एनएन 24 न्यूज: कोरबा जिले के श्यांग थाना क्षेत्र अंतर्गत छिरहुट गांव में एक 23 वर्षीय नवविवाहिता की संदिग्ध मौत के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। मृतका के मायके पक्ष की शिकायत पर पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में कब्र खोदकर शव बाहर निकाला गया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मामले में हत्या की आशंका जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार रायगढ़ जिले के कुमा गांव निवासी घूरई बाई का विवाह करीब तीन वर्ष पहले छिरहुट गांव के दिलीप बैगा से हुआ था। दंपती का डेढ़ साल का एक बच्चा भी है। पति ने परिजनों को बताया था कि 16 जून को घूरई की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। परिजनों ने बिना पोस्टमार्टम कराए शव का अंतिम संस्कार कर दफना दिया था।
मायके पक्ष ने जताया हत्या का संदेह
मृतका के मायके पक्ष को जब उसकी मौत की सूचना मिली तो उन्होंने घटना पर संदेह जताया। परिजनों का आरोप है कि पति दिलीप बैगा अक्सर घूरई के चरित्र पर संदेह करता था और इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद होता रहता था। उन्होंने पति पर हत्या कर शव दफनाने का आरोप लगाते हुए श्यांग थाना में शिकायत दर्ज कराई तथा शव के उत्खनन की मांग की।
प्रशासनिक निगरानी में हुआ उत्खनन
शिकायत के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई शुरू की। शुक्रवार को एसडीओपी, थाना प्रभारी, सीन ऑफ क्राइम टीम तथा जिला प्रशासन के अधिकारियों की मौजूदगी में कब्र की खुदाई कराई गई। नए तहसीलदार की निगरानी में शव को बाहर निकालकर पंचनामा कार्रवाई की गई और पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद रहे।
रिपोर्ट के बाद होगा खुलासा
पुलिस ने मृतका के परिजनों के बयान दर्ज कर मर्ग कायम कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद डेढ़ साल के मासूम बच्चे की परवरिश और भविष्य को लेकर भी गांव में चर्चा है। मायके पक्ष का कहना है कि यदि जांच में हत्या की पुष्टि होती है, तो दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और बच्चे को न्याय मिलना चाहिए। वहीं पति ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए पत्नी की मौत बीमारी से होने का दावा किया है।
