बिलासपुर/सीजी एनएन 24 न्यूज: नेशनल हाईवे और अन्य सड़कों पर मवेशियों की बढ़ती मौजूदगी और उससे हो रही सड़क दुर्घटनाओं को लेकर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने गंभीर रुख अपनाया है। बिलासपुर से जांजगीर तक के एनएच-130 पर मवेशियों की आवाजाही और हादसों को लेकर एक जनहित याचिका और हस्तक्षेप याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने एनएचएआई की जिम्मेदारियों पर सवाल खड़े किए हैं।
याचिकाओं में यह तर्क दिया गया कि जब एनएचएआई नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में विफल है, तो फिर टोल टैक्स वसूला जाना अनुचित है। कोर्ट ने इस तर्क पर विचार करते हुए कहा कि सड़कों पर मवेशियों की समस्या केवल प्रशासन की नहीं बल्कि आम नागरिकों की भी साझा जिम्मेदारी है।
कोर्ट ने मांगा रोडमैप
चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस बी.डी. गुरु की डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार से कहा कि हाल ही में नियुक्त मुख्य सचिव के माध्यम से दो सप्ताह के भीतर शपथपत्र और विस्तृत रोडमैप पेश किया जाए, जिसमें मवेशियों की समस्या से निपटने के प्रभावी उपायों का उल्लेख हो।
हादसों के आंकड़े चिंताजनक
बिलासपुर कलेक्टर द्वारा पेश किए गए आंकड़ों में बताया गया- 14 जुलाई: ग्राम बारीडीह, कोटा – तेज रफ्तार वाहन से टक्कर में 13 गायों की मौत, 4 घायल हुए। 28 जुलाई: बिल्हा ब्लॉक – अज्ञात वाहन से 19 गायें कुचली गईं, जिनमें से 18 की मौत हुई। 17 सितंबर: गतौरा, एनएच-130 – 8 मवेशियों की मौत। इन घटनाओं में चालकों और मवेशी मालिकों पर एफआईआर दर्ज की गई हैं।
प्रशासन द्वारा कई कदम उठाए गए हैं। संवेदनशील इलाकों में सोलर लाइट्स लगाई जा रही हैं, दर्रीघाट और ढेका में इंस्टॉलेशन पूरा। सड़क किनारे चेतावनी बोर्ड लगाए जा रहे हैं। ग्राम सभाओं में ‘आवारा पशु प्रबंधन’ को अनिवार्य एजेंडा बनाया गया है। मवेशी मालिकों के साथ मासिक समीक्षा बैठकें की जा रही हैं। घायल पशुओं के लिए भारत सरकार की टोल-फ्री हेल्पलाइन 1962 सक्रिय है। बिलासपुर में 6 मोबाइल पशु चिकित्सा इकाइयाँ कार्यरत हैं। जोगीपुर गौ-अभयारण्य में 1,600 वृद्ध मवेशियों के लिए व्यवस्था की गई है। 7 नए गौधाम स्थापित करने के प्रस्ताव गौ सेवा आयोग को भेजे गए हैं।
हाईकोर्ट की चेतावनी
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि यदि सड़क पर मवेशियों की वजह से दुर्घटनाएं होती रहीं और सुरक्षा के पर्याप्त उपाय नहीं किए गए, तो टोल टैक्स वसूली को जायज़ नहीं ठहराया जा सकता। प्रशासन को अगली सुनवाई में सुरक्षा उपायों की विस्तृत जानकारी के साथ उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।
