हसदेव नदी हादसाः कोचिंग के 3 स्टूडेंट बहे, 1 की लाश मिली, 2 लोग अब भी लापता

3 Min Read

हसदेव नदी हादसाः कोचिंग के 3 स्टूडेंट बहे, 1 की लाश मिली, 2 लोग अब भी लापता

जांजगीर-चांपा/सीजी एनएन 24 न्यूज:  जिले के देवरी गांव स्थित हसदेव नदी में शनिवार को पिकनिक मनाने पहुंचे पांच युवकों-युवतियों में से तीन तेज बहाव में बह गए। इनमें से एक युवक अंकुर कुशवाहा का शव रविवार को घटनास्थल से करीब 15-17 किमी दूर कुदरी बैराज के पास मिला है, जबकि दो अन्य स्वर्णरखा और आशीष भोई अब भी लापता हैं। राहत की बात यह रही कि स्थानीय लोगों ने दो लोगों मोनिका सिन्हा और लक्ष्मी शंकर को समय रहते बचा लिया।

पंतोरा चौकी क्षेत्र के देवरी गांव में यह घटना शनिवार शाम लगभग 6 बजे के आसपास हुई। बिलासपुर और आसपास के क्षेत्रों से आए तीन युवक और दो युवतियाँ पिकनिक मनाने के लिए हसदेव नदी के किनारे पहुंचे थे। नहाने के दौरान नदी का बहाव तेज होने और गहराई का अंदाजा न लग पाने के कारण सभी पानी में बहने लगे। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए मोनिका और लक्ष्मी शंकर को बचा लिया, लेकिन तीन अन्य साथी तेज बहाव में बह गए। अंधेरा होने के चलते शनिवार को रेस्क्यू ऑपरेशन रोकना पड़ा।

रविवार सुबह फिर शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन

रविवार तड़के 6 बजे से SDRF और जिला आपदा राहत दल (DDRF) ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। बिलासपुर से विशेष टीम और ड्रोन कैमरे की मदद ली जा रही है। स्थानीय गोताखोरों को कुदरी बैराज क्षेत्र में तैनात किया गया है।

स्वर्णरखा, अंकुर कुशवाहा और आशीष भोई बिसलपुर में PSC की तैयारी कर रहे थे। मोनिका सिन्हा भी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही हैं। लक्ष्मी शंकर अर्जुनी गांव (जांजगीर-चांपा) में रेस्टोरेंट संचालित करते हैं।

ASP उमेश कश्यप के अनुसार, स्वर्णरखा की कार से सभी लोग देवरी गांव पहुंचे थे। बारिश के कारण हसदेव नदी का जलस्तर बढ़ा हुआ है और कुदरी बैराज के तीन गेट खुले हैं, जिससे रेस्क्यू में मुश्किलें आ रही हैं। जिला प्रशासन ने आसपास के गांवों के सरपंचों को भी सतर्क कर दिया है ताकि नदी में कोई शव दिखाई दे तो तत्काल सूचना मिल सके।



Share This Article